Friday, May 31, 2019

एमपी बोर्ड से टेंथ करें या सीबीएसई से

अगर आप स्टूडेंट हो तो आपके मन में यहां सवाल जरूर आता होगा कि हमें 10th एमपी बोर्ड से करनी चाहिए या सीबीएसई से दोस्तों इसका एक सरल स्तरीय है कि अगर आप इंग्लिश मीडियम से करना चाहते हैं तो आपको साबुद्दीन जोर सीबीएसई से देना चाहिए और अगर आप हिंदी मीडियम से करना चाहते हो तो आप एमपी बोर्ड को चुन सकते हैं सरल सा रास्ता है

आखिर क्या है एमपीपीएससी

हाय दोस्तों आज हम आपको बताने वाले हैं एमपीपीएससी के बारे में दोस्तों एमपीपीएससी का फुल फॉर्म होता है मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग
दोस्तों हाल ही में बता दे एमपीपीएससी के टॉपर हर्षल चौधरी
दोस्तों एमपीपीएससी की सबसे ऊंची पोस्ट होती है डिप्टी कलेक्टर और आप चाहे तो डीएसपी भी चुन सकते हैं
एमपीपीएससी के लिए योग्यता होने के लिए आपको किसी कॉलेज से स्नातक होना पड़ता है
दोस्त एमपीपीएससी करने के लिए आपको किसी अच्छी कोचिंग करनी पड़ती है
आजकल कौटिल्य अकेडमी वहां अन्य कोचिंग एमपीपीएससी के अच्छे तरीके से तैयारी करा रहे हैं
अगर आपको भी एमपीपीएससी देनी है तो इसके लिए आप 1 साल या 3 साल का कोर्स कर सकते हैं
को दोस्तों एमपीपीएससी में हर साल लगभग 900000 लोग परीक्षा देते हैं इनमें से लगभग 300 ही सफल हो पाते हैं
एमपीटीसी यूपीएससी की तरह तीन चरणों में होती है प्रीलिम्स मेंस और इंटरव्यू लगभग मेंस में 5000 लोग परीक्षा देते हैं उनमें से इंटरव्यू में 300 या 400 लोग ही सिलेक्ट हो पाते है उम्मीद है आपको एमपीपीएससी समझ में आई होगी लोग समझते एमपीपीएससी बहुत ही सरल है पर ऐसा नहीं है यहां बहुत ही कठिन है कठिन तो नहीं कहूंगा पर इसे देना इतना भी आसान नहीं जितना लोग समझते हैं इसका बाद इसका पता इसी बात से लगाया जा सकता कि 900000 में से बस 300 लोग ही से सफलतापूर्वक दे पाते हैं समझ में आया हो तो हमारे ब्लॉक को शेयर करें

किस कारण Huawei कंपनी पर यूएसए ने बैन लगाया

दोस्तों हवाई कंपनी चाइना की बहुत नामी कंपनी है यहां चाइना के बाहर भी अपने प्रोडक्ट भेजती है भाभी कंपनी मोबाइल फोंस के अलावा राउटर और कई इलेक्ट्रिक सामान भी दूसरे देशों से दूसरे देशों को भेजती है हाल ही में वाबे कंपनी पर दूसरी कंपनियों के आरोप लगते रहे हैं हम भी जानते दोस्तों ताली एक हाथ से नहीं बजती इसमें कहीं ना कहीं वह भी कंपनी की भी गलती है और यही पर गूगल ने भी वावे कंपनी को अपने सॉफ्टवेयर अपडेट देने से मना कर दिया है जिस कारण वाले कंपनी को अब गूगल से अपना ही वॉइस डेवलप करना पड़ेगा वैसे वहां वे को यह सब पहले से पता था इसलिए वहां अपना वॉइस डिवेलप करने में बहुत पहले से ही लगता है उसने आप भी स्टॉक रख रखा है जो अभी वाले कंपनी को 6 से 7 महीनों तक इलेक्ट्रिक पदार्थों की जरूरत नहीं पड़ेगी पर उसके बाद उन्हें फोन बनाने के लिए उपयुक्त सामानों की जरूरत पड़ेगी जो अधिकतर यूएस या अमेरिका में ही बनते हैं परवीन के कारण वाले अब यहां सामान अमेरिका की कंपनियों से आयात नहीं कर सकती इस कारण उसे इसका कोई दूसरा रास्ता तलाशना होगा हां वैसे वहां दूसरी कंपनियों से यहां आयात कर सकती है धन्यवाद ब्लॉक को ज्यादा से ज्यादा शेयर करें

Mi radmi air dots

 दोस्तों हम जानते हैं कि हाल ही में शाओमी जो कि एमआई के नाम से जानी जाती है उसने अपने airdot  चाइना में लॉन्च किए हैं जिनकी कीमत लगभग 99 यु...